रिपोर्टर संजय वर्मा आष्टा। नगर के प्राचीन श्री पशुपतिनाथ संगम मंदिर आष्टा जो कि आष्टा की जीवनदायिनी पार्वती और पपनास नदी के संगम तट पर स्थित है, साथ ही मंदिर बहुत प्राचीन है जहाँ पर आष्टा का पुराना मुक्ति धाम भी है। मंदिर पहुँच मार्ग प्रारंभ से करीबन 20 फीट चौङा था जिसको वहाँ के जमींदारों एवं कालोनीनाईजरों ने अतिक्रमण करके बहुत सँकरा और छोटा कर दिया है, जिससें मंदिर आनें जानें वालें श्रृद्धालुओं को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पङता है और शिवरात्री एवं श्रावण मास त्यौहारों के समय भी श्रृदालुओं को मंदिर जानें में समस्या आती है। उक्त प्रकरण को लेकर मंदिर के श्रृद्धालु आष्टा अनुविभागीय अधिकारी राजस्व के पास पहुंचे और ज्ञापन के माध्यम से अतिक्रमण की समस्या से अवगत कराया एवं जल्द से जल्द उक्त मंदिर पहुँच मार्ग को अतिक्रमण मुक्त करने की गुहार लगाई। साथ ही सीएमओ आष्टा को भी नगरपालिका परिषद आष्टा पहुँच कर अपनी समस्या सुनाई। ज्ञापन देने वालों में मंदिर समिति के अध्यक्ष ललित सुराणा, विश्व हिन्दू परिषद के प्रांत सेवा प्रुमख गोपालदास राठी, बजरंग दल के प्रखण्ड अध्यक्ष चंदर सिंह राजपूत, नगर अध्यक्ष मोहित प्रजापति, आयुष जैन, नमन श्रीवास्तव, देवेन्द्र राजपूत, विक्की चौहान, अनिल शर्मा, दीपक माण्डोरिया, राकेश राठौर, मनोज सोनी, विमल राठौर, पंकज बागवान, जितेन्द्र राजपूत, विधान जसाठी, आयुष जाधव, राम सोनी आदी उपस्थित रहें. Please follow and like us: Post Views: 357 Post navigation राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने दी श्रद्धांजलि नपाध्यक्ष प्रतिनिधि का जन्मदिन आतिशबाजी करके मनाया,दी शुभकामनाएं